उत्तर प्रदेश के मथुरा वृंदावन में गुरु पूर्णिमा पर देश-विदेश से श्रद्धालु गुरु पूजन के लिए पहुंचे तो वहीं बाहरी राज्यों से जेब कतरे, चेन स्नेचर भी धंधे की तलाश में आए। मंदिरों में उमड़ी भीड़ का चेन स्नेचरों ने खूब फायदा उठाया। लाख-पचास हजार की कई चेन और सेलफोन उड़ा दिए गए। जिन आभूषणों की कीमत लाखों में है, उनकी रिपोर्ट पुलिस को दर्ज करनी पड़ी। एक आरोपी पकड़कर पुलिस को सौंप दिए जाने के बाद भी पुलिस अन्य को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। मुंबई की रहने वाली प्रीतम साहेवराव पाटिल दो जुलाई वृंदावन आईं। सुबह साढ़े नौ बजे ठाकुर राधाबल्लभ मंदिर दर्शन करने गईं। यहां उनके गले से किसी ने मंगलसूत्र खींच लिया। ज़ब तक वह कुछ समझ पातीं, चेन स्नेचर भीड़ का फायदा उठाकर गायब हो गया। प्रीतम के अनुसार सोने के मंगलसूत्र का वजन 40.5 ग्राम था। जिसकी कीमत लगभग ढाई लाख रुपये है। तहरीर पर पुलिस ने तीन जुलाई को एफआईआर दर्ज की। इसी तरह इंदौर के संविद नगर निवासी राजेश जोगी एक जुलाई को ठाकुर राधाबल्लभ मंदिर में दर्शन करने गए थे। मुख्य द्वार पर अधिक भीड़ थी, जहां उनके गले से एक मुखी रुद्राक्ष से जुड़ी सोने की चेन कोई तोड़ ले गया। लाखों रुपये कीमत की चेन की उन्होंने एफआईआर दर्ज कराकर बरामद करने की पुलिस से गुहार लगाई है। वहीं एक जुलाई को ही ठाकुर श्री बांकेबिहारी मंदिर में गुजरात के अहमदाबाद के सुराई-बगला-विभाड़ा निवासी रसिक भाई, कुरजी भाई व कुशाजी के गले से गेट नंबर दो के पास गले से चेन खींच ली गई। जैसे ही चेन खींचने का उन्हें आभास हुआ तो उन्होंने एक चेन स्नेचर को पकड़ लिया, जबकि दूसरा भीड़ का फायदा उठाकर भाग गया। आरोपी ने पुलिस की पूछताछ में अपना नाम सरोज मंडल निवासी थाना बैलवा जिला मोतिहारी, बिहार बताया। अभिषेक तिवारी परिवार के साथ एक जुलाई को वृंदावन आए थे। रात करीब साढ़े नौ बजे ठाकुर श्रीबांकेबिहारी के दर्शन करने के बाद हरिनिकुंज चौराहा पहुंचे। यहां एक जेबकट उनके कुर्ते की जेब से मोबाइल फोन निकाल कर भागने लगा। उसे कुछ दूरी पर जाकर पकड़ लिया। मोबाइल बरामद करने के साथ उसे कोतवाली ले गए, जहां उसने अपना नाम हरी उर्फ़ कन्हैया निवासी कुम्हार पाड़ा बताया। पीड़ित ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। छटीकरा मार्ग स्थित ओमैक्स के एक फ्लैट में चोरी हो गई। जानकारी फ्लैट स्वामी प्रवीण अग्रवाल को 28 जून की शाम पड़ोसी से मिली। चोर फ्लैट से स्मार्ट टीवी, सिलिंडर और बीस हजार रुपये चोरी कर ले गए। प्रवीण ने दर्ज कराई एफआईआर में सुरक्षाकर्मी और मेंटिंनेंस स्टाफ की संदिग्धता मानते हुए जांच की मांग की है। कहा कि ओमैक्स सोसाइटी की सुरक्षा का जिम्मा प्रबंधक और बिल्डर का है। उनसे हर माह मेंटिंनेंस शुल्क लिया जा रहा है। चोरी की सूचना भी इनके द्वारा नहीं दी गई। पुलिस मामले की जांच कर रही हे

































