उत्तर प्रदेश के इटावा मे भरथना कस्बा स्थित नमामी गंगे प्रोजेक्ट के गोदाम से सामान लूटने मामले में गिरफ्तार सभी 13 आरोपियों की जमानत खारिज कर दी है। शासकीय अधिवक्ता की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट ने उन्हें जमानत देने से इन्कार कर दिया।विशेष लोक अभियोजक गौरव दीक्षित ने बताया कि भरथना कस्बा स्थित नमामी गंगे प्रोजेक्ट के गोदाम के चौकीदार को बंधकर बनाकर चार मार्च की रात लूटपाट की थी। पुलिस रिपोर्ट दर्ज करने के बाद लुटेरों की तलाश में जुट गई थी। एक अप्रैल की रात को प्रभारी निरीक्षक भरथना अपनी टीम के साथ लुटेरों की तलाश में थे।इस दौरान पुलिस को सूचना मिली कि कुछ लुटेरे ट्रकों में लूट का सामान लादकर अछल्दा से भरथना की ओर आ रहे हैं। उनके साथ एक कार भी है। इसमें भी कई लोग सवार हैं। पुलिस ने बाहरपुरा के पास लुटेरों की घेराबंदी की। अपने को घिरा देख लुटेरों ने फायरिंग शुरू कर दी थी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने सामान से लदे दो ट्रकों और कार को पकड़ लिया। इमरान, अबू बकर, जावेद जैनुद्दीन, इंसर अली, अतीक, फईमुद्दीन, मुबारिक शफीक, सलीमुद्दीन, इश्ताक, अयूब खान, मुनफेद को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने ट्रकों से लूटा गया सामान बरामद किया था। आरोपियों बाद में जेल भेज दिया गया था। आरोपियों ने जमानत के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया। विशेष न्यायाधीश दस्यु प्रभावित क्षेत्र अधिनियम जनार्दन प्रसाद यादव ने मामले की सुनवाई की।

































