उत्तर प्रदेश के चित्रकूट। नाबालिग भतीजी से छेड़खानी में ताऊ को विशेष न्यायाधीश ने चार वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही छह हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया है।विशेष लोक अभियोजक तेज प्रताप सिंह ने बताया कि बहिलपुरवा थाना क्षेत्र के अंतगर्त एक गांव निवासी महिला ने बहिलपुरवा थाने में अपने जेठ के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि जेठ घर के सामने रहता है और आए दिन उसकी 13 वर्षीय पुत्री के साथ छेड़खानी करता है।वादिनी के अनुसार उसकी बेटी 16 नवंबर 2018 को दोपहर शौच के लिए घर से कुछ दूरी पर गई थी। वहां अचानक आरोपी (पुत्री का ताऊ)पहुंच गया और बेटी को जबरन पकड़ऩे लगा। गलत काम करने के लिए पैसा का लालच भी दिया। किसी तरह बेटी वहां से भाग आई। घर में आकर जानकारी देने पर उसने इस बारे में पूछताछ की जिसपर आरोपी जेठ ने गाली गलौज करते हुए उसे जूते से मारा।इसके बाद उसने पुलिस को बुला लिया। पुलिस के पहुचने से पहले ही आरोपी मौके से भाग गया। जिसके बाद उसने थाने जाकर रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज करने के बाद न्यायालय में आरोपी के विरूद्ध आरोप पत्र दाखिल किया था। बचाव और अभियोजन पक्ष के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद मंगलवार को विशेष न्यायाधीश विनीत नारायण पांडेय ने दोषी ताऊ को चार वर्ष कठोर कारावास की सजा सुनाई।

































