गोरखपुर समाचार उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां गोरखनाथ के पते पर योगी कार्पोरेशन नाम से फर्जी संस्था का पंजीकरण कर जालसाजी करने वाले दो आरोपियों को कैंट पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने अपना नाम बदलकर उसके आगे योगी लगा लिया था और इसके बाद संस्था का पंजीकरण कराए थे।जालसाज महराजगंज का योगी केदारनाथ और गालियाबाद के योगी हर्ष को पुलिस ने गिरफ्तार कर उनके पास से 77 फर्जी परिचय पत्र भी बरामद कर लिया है।
केदारनाथ के पास से पुलिस ने एक भाजपा का फर्जी परिचय पत्र भी मिला है, जिसमें उसने खुद को प्रदेश महामंत्री लिखवाया है। कानपुर के सचंडी के गढ़ी भीमसेन की रहने वाली रंजना सिंह भारतीय जनता पार्टी में मंडल मंत्री हैं। कैंट थाना में उन्होंने केस दर्ज कराया था। उनका आरोप है कि एक लिंक के माध्यम से उन्हें योगी कार्पोरेशन ग्रुप आफ इंडिया ग्रुप का संदेश मिला था। ग्रुप के संयोजक केदारनाथ ने फोन कर आधार कार्ड की काॅपी व फोटो और रुपये मांगा।
उनको बताया गया कि कानपुर नगर का प्रभारी बनाया जा रहा है। भरोसा करके उन्होंने दस्तावेज भेज दिया,जिसके बाद कानपुर नगर का प्रभारी के नाम से उनका पहचान पत्र वाट्सएप ग्रुप पर भेज दिया गया। बाद में जालसाजी की जानकारी होने पर होने पर उन्होंने केस दर्ज कराया था। इसके बाद ही पूरा मामला खुलकर सामने आया पुलिस मामले की जांच कर रही हे

































