उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के चौडगरा कस्बे में रात-दिन हुई रिमझिम बारिश से चौराहा जलमग्न हो गया। रास्ता और नाला दोनों पानी से लबालब हो गए। राहगीर पानी का अंदाजा नहीं लगा सके और खुले नाले में गिरकर बाइक सवार घायल हो गए। जलभराव को टैंकर लगाकर कस्बे के बाहर फेंका गया। यह समस्या नाले से पानी की निकासी न होने के कारण बनी है। कस्बे में समस्या के हल के लिए नया नाला निर्माण धीमी गति से चल रहा है। कस्बे की जल निकासी की समस्या काफी पुरानी है। इसकी शिकायत कस्बावासियों ने कई बार अधिकारियों से की, लेकिन अब तक कार्यदायी संस्था पीएनसी ने कोई हल नहीं निकाला। कस्बे में नाले का निर्माण तो हुआ, लेकिन जल निकासी नहीं हो पा रही। इसका कारण नाला चोक होना है। छह महीने पहले क्षेत्रीय विधायक जयकुमार सिंह जैकी की पहल पर डीएम और एसडीएम की मौजूदगी में पीएनसी के अधिकारियों ने जलनिकासी के स्थायी समाधान के लिए नए नाले के निर्माण को मंजूरी दी थी। धीमी गति से हो रहा है 15 दिन से पीएनसी का एक टैंकर चौराहे पर भरा पानी निकालकर बाहर फेंकता है। नाला निर्माण धीमी गति से फतेहपुर रोड पर चल रहा है। पीएनसी ने बरसात में होने वाले जलभराव से निजात की कोई योजना नहीं बनाई। केवल एक टैंकर लगाकर पानी बाहर फेंका जा रहा है। शुक्रवार को भी जमा पानी टैंकर से ही बाहर फेंका गया। एनएचआई के चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर कुमार स्वामी ने बताया कि पानी निकासी की जगह पर नए नाले का निर्माण जारी है। पानी निकालने की और कोई जगह नहीं है। फिलहाल पानी टैंकर से बाहर निकाला जा रहा है। पुराने नाले का निर्माण गलत तरीके से हो गया था। नए नाले का कार्य पूरा होते ही समस्या का समाधान हो जाएगा। कस्बे के दुकानदार महेंद्र सिंह ने बताया कि एनएचएआई के गलत नाला निर्माण का खामियाजा कस्बावासी भुगत रहे हैं। जनप्रतिनिधि से शिकायत के बाद भी अब तक कोई हल नहीं निकला है। भूपेंद्र तिवारी ने बताया कि रोज चोक नाले का पानी चौराहे पर भरता रहा है। चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर से शिकायत के बाद टैंकर लगाकर पानी निकाला जा रहा है पुलिस मामले की जांच कर कर रही हे

































