उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में फफूंद थाना क्षेत्र के एक गांव सेहूदपुर बिहारी गांव की रहने वाली साधना (23) पत्नी राजेश को 21 मई को प्रसव पीड़ा होने पर नगर के सीएचसी स्थित शिशु एवं मातृ चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था। प्रसव के कुछ घंटे बाद ही परिजनों ने दबाव बनाकर अस्पताल से छुट्टी करवा ली थी। अगली सुबह बच्चे की हालत बिगड़ने पर परिजन उसे पुनः अस्पताल लाए।डॉक्टरों ने उसे चिचौली रेफर कर दिया, लेकिन रास्ते में ही नवजात की मौत हो गई। परिजन शव को बिना पोस्टमार्टम कराए ही घर ले गए। सीएचसी प्रभारी डॉक्टर विजय आनंद ने बताया कि महिला के परिजन जबरदस्ती उसे अस्पताल से छुट्टी दिलाकर घर ले गए थे।
सेहूदपुर बिहारी गांव की महिला ने दो दिन पहले पुत्र को जन्म दिया था। गुरुवार को नवजात की हालत बिगड़ गई। उसे नगर स्थित सरकारी अस्पताल लाए, जहां से रेफर कर दिया गया। जिला अस्पताल ले जाते समय रास्ते में मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट व परिजन की तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। फ़िलहाल पुलिस मामले की जाँच कर रही है

































